रोबोट की तरह जी रहा था, अब मैं आजाद हूं! इतना परेशान हुआ कि इंजीनियर ने छोड़ दी गूगल की नौकरी और अब…

रोबोट की तरह जी रहा था, अब मैं आजाद हूं! इतना परेशान हुआ कि इंजीनियर ने छोड़ दी गूगल की नौकरी और अब... रोबोट की तरह जी रहा था, अब मैं आजाद हूं! इतना परेशान हुआ कि इंजीनियर ने छोड़ दी गूगल की नौकरी और अब...

बेंगलुरु के एक टेक इंजीनियर हर्षित शर्मा ने 2 साल तक Google में काम करने के बाद अपनी नौकरी छोड़ दी है. उन्होंने यह फैसला इसलिए लिया ताकि वे कॉर्पोरेट रैट रेस से बाहर निकलकर जिंदगी को नए तरीके से जी सकें. हर्षित ने LinkedIn पर एक लंबा पोस्ट लिखकर अपने इस फैसले के बारे में बताया, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.

रोबोट की तरह जिंदगी जी रहा था…

अपने पोस्ट में हर्षित ने लिखा, कि वे अब तक एक तय रास्ते पर चल रहे थे. पढ़ाई करना, इंजीनियर बनना, अच्छी नौकरी पाना और पैसे कमाना. उन्होंने कहा, मैं जैसे एक रोबोट की तरह अपनी भूमिका निभा रहा था, लेकिन हर अच्छी कहानी में एक ट्विस्ट जरूरी होता है. और अब मैं वही ट्विस्ट लेने जा रहा हूं.

नौकरी छोड़ने के पीछे क्या वजह?

हर्षित ने बताया, कि यह फैसला उनके लिए आसान नहीं था. उन्हें अपने ऑफिस के दोस्त, फन एक्टिविटीज, कॉफी ब्रेक और साथ बिताए पल बहुत याद आएंगे. लेकिन, साथ ही उन्होंने एक नई आजादी भी महसूस की. उन्होंने लिखा, अब मैं आजाद हूं!

हर्षित ने पिछले 4 साल से पैसे बचाए थे, ताकि वे बिना नौकरी के कुछ समय निकाल सकें. अपने माता-पिता से बात करने के बाद उन्होंने तय किया कि वे 1 साल तक अलग-अलग चीजों को आजमाएंगे. अगर इस दौरान उन्हें कोई नया करियर या जुनून मिल जाता है, तो वे उसी दिशा में आगे बढ़ेंगे. अगर नहीं, तो वे फिर से टेक जॉब में लौट जाएंगे.

क्या-क्या करेंगे इस दौरान?

इस एक साल में हर्षित कई चीजें करने की योजना बना रहे हैं:
– अलग-अलग जगहों की यात्रा
– म्यूजिक और डांस जैसी कला सीखना
– छात्रों को मेंटर करना
– पुराने रिश्तों को फिर से मजबूत करना

सोशल मीडिया पर लोगों की प्रतिक्रिया

हर्षित के इस फैसले को सोशल मीडिया पर काफी सराहा जा रहा है. कई यूजर्स ने इसे साहसिक कदम बताया और कहा कि हर किसी में ऐसा करने की हिम्मत नहीं होती. एक यूजर ने लिखा, यह कदम उठाने के लिए बहुत हिम्मत चाहिए. वहीं दूसरे ने कहा, अगर मौका मिले तो हर किसी को जिंदगी को एक्सप्लोर करना चाहिए.

(Disclaimer: यह खबर सोशल मीडिया पर यूजर द्वारा की गई पोस्ट से तैयार की गई है. एनडीटीवी इस कंटेंट की प्रामाणिकता की पुष्टि नहीं करता.)

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