मिडिल ईस्ट में ‘महायुद्ध’, 15 दिनों में 1500 मिसाइल और ड्रोन हमले, थर्रा उठा खाड़ी का आसमान

Iran Attack मिडिल ईस्ट में 'महायुद्ध', 15 दिनों में 1500 मिसाइल और ड्रोन हमले, थर्रा उठा खाड़ी का आसमान


ईरान-इजरायल युद्ध काफी खतरनाक मोड़ पर पहुंच चुका है. 28 फरवरी को जंग शुरू होने के बाद से, ईरान, इजरायल, सऊदी अरब, UAE, इराक, कुवैत, बहरीन, कतर, ओमान, जॉर्डन और पश्चिम एशिया के कुछ अन्य देशों में लगभग 1500 मिसाइल और ड्रोन हमले दर्ज किए गए हैं. जिनकी रिपोर्ट मीडिया में आई है या इनकी पुष्टि जियोलोकेटेड फुटेज के ज़रिए हुई है.

ईरान पर सबसे ज्यादा हुए हमले

इनमें से ज्यादातर हमले ईरान में हुए हैं. जवाबी कार्रवाई में, ईरान ने अमेरिकी ठिकानों, इजरायल के अहम इंफ्रास्ट्रक्चर और उन दूसरे खाड़ी देशों को निशाना बनाया है जहां अमेरिकी सैनिक तैनात हैं. वॉशिंगटन स्थित इंस्टीट्यूट ऑफ स्टडी ऑफ वॉर (ISW) द्वारा जुटाए गए डेटा के मुताबिक, इजरायल, UAE और बहरीन को सबसे ज्यादा हमलों का सामना करना पड़ा है.

Iran Attack

ईरान ने पड़ोसी देशों को बनाया निशाना

बता दें कि इस भीषण संघर्ष की शुरुआत 28 फरवरी 2026 को हुई, जब अमेरिका और इजरायल ने ईरान के सैन्य और परमाणु ठिकानों के खिलाफ एक बड़े हवाई अभियान ‘ऑपरेशन एपिक फ्युरी’ का आगा किया. यह हमला ईरान के बढ़ते परमाणु कार्यक्रम और क्षेत्र में उसके समर्थित गुटों की गतिविधियों को रोकने के लिए किया गया था. जवाब में ईरान ने इसे अपनी संप्रभुता पर हमला बताते हुए हमले तेज कर दिए. ईरान ने केवल इजरायल, बल्कि उन सभी खाड़ी देशों को निशाना बनाना शुरू कर दिया जहां अमेरिकी सैन्य ठिकाने मौजूद हैं. ईरान का तर्क है कि UAE, बहरीन, कुवैत और कतर जैसे देश अपनी धरती का उपयोग ईरान के खिलाफ हमले करने के लिए दे रहे हैं.

यह भी पढ़ें: ऐसी क्या ताकत है कि अमेरिका और इजरायल को चुनौती दे रही है ईरान की IRGC




Source link

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *