Tata Sierra EV 2026: टाटा सिएरा, वो गाड़ी जिसने 90’s के बाद कमबैक किया और आते ही ग्राहकों के दिल में बस गई. नॉर्मल फ्यूल सेगमेंट में धूम मचाने के बाद ये गाड़ी अब ईवी में कमाल करने के लिए तैयार है. 30 जून को इसके ईवी अवतार पर से पर्दा हटाया जाएगा, उससे पहले ही कंपनी ने सोशल मीडिया पर एक ऐसा वीडियो पोस्ट किया है, जिसे देश ग्राहक हैरान हो रहे हैं.
You know that feeling when every instinct says, “Don’t.”
That’s exactly where the Sierra.ev begins.Dropping: Sierra.ev vs Tal Moreeb.
The terrifying dune, conquered.Proof that QWD was built for the moments after “don’t.”#Tataev #MoveWithMeaning #Sierraev #LegendHypercharged… pic.twitter.com/20Q462cMGi
— TATA.ev (@Tataev) June 27, 2026
सिएरा ने आबू धाबी के रेगिस्तान में दिखाई ताकत
टाटा मोटर्स के इस वीडियो में एसयूवी सिएरा ईवी रेत के पहाड़ पर चढ़ती हुई दिख रही है. अमूमन इम मुश्किल रेतीले रास्तों पर केवल बड़ी V8 इंजन वाली मॉडिफाइड गाड़ियां ही जा पाती हैं, लेकिन टाटा सिएरा ईवी ने इस ढलान को आसानी से पार कर लिया.
सिंगल चार्ज में दिल्ली से लखनऊ का सफर
इस वीडियो में सबसे बड़ी बात कार की रेंज को लेकर दिखी. वीडियो में कार के स्क्रीन पर देखने पर पता चल रहा है कि सिर्फ 80% बैटरी चार्ज होने पर भी कार 424 किमी की रेंज दिखा रही थी. इस हिसाब से देखें तो 100% चार्ज होने पर टाटा सिएरा ईवी 500 किमी से ज्यादा तक की शानदार रेंज दे सकती है. हालांकि टाटा मोटर्स ने अभी तक इसकी रेंज के बारे में ऑफिशियली कुछ नहीं कहा है.
गाड़ी की पावर को बढ़ाने के लिए बूस्ट मोड मौजूद
वीडियो से एसयूवी को लेकर कई बड़ी जानकारियां सामने आईं हैं. जैसे रेत में चढ़ते टाइम स्क्रीन पर सैंड मोड एक्टिवेट दिखा. साथ ही इसमें बूस्ट मोड भी दिया है. यानी जैसे ही ड्राइवर को ज्यादा पावर की जरूरत होगी, बूस्ट मोड एक्टिवेट हो जाएगा, जिससे गाड़ी खड़ी चढ़ाई के साथ ओवरटेकिंग के समय रॉकेट के जैसे भागेगी.
एसयूवी प्रीमियम तो फीचर्स भी दमदार
इसमें कोई शक नहीं है कि टाटा सिएरा ईवी देखमें प्रीमियम लगती है. कनेक्टेड एलईडी लाइट्स, हेड अप डिस्प्ले और नया स्टीयरिंग व्हील इसे अलग ही लेवल पर ले जाता है. सेफ्टी के लिए इसमें लेवल-2 एडास, 360 डिग्री कैमर जैसे कमाल के फीचर्स मौजूद हैं. इतना ही नहीं ये कार डुअल मोटर व्हील ड्राइव पर काम करेगी, यानी एसयूवी के चारों पहिए एक साथ मिलकर काम करेंगे. यानी इससे ऑफ रोडिंग भी की जा सकती है.


